Geeta Jayanti : प्रधानमंत्री करेंगे ज्योतिसर अनुभव केंद्र और पंचजन्य स्मारक का उद्घाटन
मुख्य मंच पर नीचे बैठेंगे प्रधानमंत्री
Geeta Jayanti : हरियाणा के कुरुक्षेत्र में चल रहे अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव (IGJM) में मंगलवार 25 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहुंच रहे हैं। इसको लेकर जहां सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं, वहीं गीता जयंती में आने वाली भीड़ को नियंत्रित करने के लिए भी प्रशासन ने पुख्ता तैयार की है। (International Geeta Jayanti Mahotsav) इस दौरान प्रधानमंत्री ज्योतिसर अनुभव केंद्र और पंचजन्य स्मारक का उद्घाटन भी करेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 25 नवंबर को हरियाणा पहुंचे रहे हैँ और इस दौरान दौरान वे कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे। इस दौरान शाम 4:00 बजे प्रधानमंत्री भगवान कृष्ण के पवित्र शंख के सम्मान में बनाए गए नए पांचजन्य का उद्घाटन भी करेंगे। इसके बाद उनका कार्यक्रम महाभारत अनुभव केंद्र में जाने का है। यहां पर महाभारत से जुड़े प्रसंगों को उकेरा गया है।
International Geeta Jayanti Mahotsav : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सिख गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी दिवस के सम्मान में भी शिरकत करेंगे। यह आयोजन भारत सरकार द्वारा चलाए जा रहे एक साल के कार्यक्रों के तहत किया जा रहा है। इसके तहत ही प्रधानमंत्री नौवें सिख गुरु, गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में होने वाले कार्यक्रम में पहुंच रहे हैं। यहां पर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा गुरु के 350वें शहीदी दिवस की याद में विशेष सिक्का व स्टांप टिकट भी जारी किया जाएगा। वहीं गीता जयंती के विशेष कार्यक्रम में भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहुंचेंगे। ब्रह्म सरोवर पर हो रहे इस कार्यक्रम में वे पूजा करेंगे। अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती समारोह की शुरूआत ब्रह्म सरोवर पर 15 नवंबर से हो चुकी है और यह 5 दिसंबर तक चलेगा।

Geeta Jayanti : ब्रह्मसरोवर के तट पर दिख रही लघु भारत की झलक
कुरुक्षेत्र के ब्रह्मसरोवर पर चल रहे अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव में विभिन्न राज्यों के कलाकारों द्वारा अपनी प्रस्तुतियां दी जा रही हैं। इससे यहां पर देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक मिल रही है। यहां पर पूरा भारत सिमटा हुआ दिखाई दे रहा है। (Geeta Jayanti) साथ ही विभिन्न राज्यों से लोक कलाकारों द्वारा अपनी अपनी लोक संस्कृति की प्रस्तुति से एक ही स्थान पर पूरे भारत के दर्शन हो रहे हैं। अलग-अलग राज्यों से आए शिल्पकाराें द्वारा यहां पर अपने उत्पाद प्रदर्शित किए जा रहे हैं। प्रदेश भर में भारी संख्या में लोग भी इसको देखने पहुंच रहे हैं।
रविवार को यहां पर पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ी। उत्तर क्षेत्र सांस्कृतिक कला केंद्र पटियाला द्वारा हिमाचल प्रदेश के कलाकार पूजा और घट नृत्य, जम्मू कश्मीर के कलाकार धमाली नृत्य व भद्रवाही कुड व रुमाली नृत्य, पंजाब का झूमर व मालवाई गिद्दा, राजस्थान का चारी, उत्तराखंड के कलाकार पांडव नृत्य, मृध्य प्रदेश का गंगौर व पांथी नृत्य, झारखंड का पायका नृत्य, उड़ीसा का संभालपूरी नृत्य सहित राजस्थान के कच्ची घोड़ी नृत्य, ढेरु गाथा गायन की बहुत ही जबरदस्त प्रस्तुतियां दी गई। यह शिल्प और सरस मेला 5 दिसंबर 2025 तक चलता चलेगा।
International Geeta Jayanti Mahotsav: कार्यक्रम को भव्य बनाने की तैयारी
वहीं सरकार द्वारा भी प्रदेश भर में तैयारी की जा रही हैं, जिससे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कार्यक्रम भव्य हो सके।
महाभारत की भूमि कुरुक्षेत्र सिख समुदाय के लिए भी यह धतरी बहुत महत्वपूर्ण है। कुरुक्षेत्र की धरती पर गुरु साहिब के सबसे अधिक बार पहुंचे। यही कारण है कि सरकार ने यह कार्यक्रम कुरुक्षेत्र में करने का फैसला लिया है। (IGJM) गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी दिवस पर प्रदेश भर से श्रद्धालुओं व संगत को पहुंचाने का काम सरकार द्वारा किया जा रहा है।
इसके लिए सरकार के स्तर पर रोडवेज व अन्य मिला कर 3200 बसों का प्रबंध किया गया है। इसी कार्यक्रम में कीर्तन की प्रस्तुति देने के लिए टियाला से 350 बच्चे भी पहुंच रहे हैं। 3200 बसों से हरियाणा भर से लाेग ज्योतिसर पहुंचेंगे। शहीदी दिवस की तैयारियों में यहां पर प्रशासन द्वारा 200 बाए 700 क्षेत्र में विशेष दरबार तैयार किया गया है। यहां पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अरदास के साथ अपना संदेश भी देंगे।










