success story : लक्ष्मण दास मित्तल-एलआईसी एजेंट से सोनालिका ट्रैक्टर कंपनी के मालिक तक सफलता की कहानी
जिस उम्र में लोग रिटायरमेंट लेकर घर बैठते हैं, मित्तल ने शुरू किया कारोबार आज 50 हजार करोड़ के मालिक
success story : कहते हैं यदि सफलता के लिए जुनून हो तो उम्र कोई मायने नहीं रखती। देश के जाने माने उद्योगपति लक्ष्मण दास मित्तल की सफलता की कहानी यही संदेश देती है। मित्तल ने उस उम्र में अपने कारोबार की शुरूआत की, जिस उम्र में लोग रिटायरमेंट लेकर घर बैठ जाते हैं। अपनी मेहनत से उन्होंने सोनालिका ट्रैक्टर कंपनी को उस ऊंचाई तक पहुंचा दिया, जिसकी ओर आज देश ही नहीं, विश्व भर में हर कोई देख रहा है।
बेहद सफल व्यवसायी के साथ-साथ लक्ष्मण दास मित्तल देश में सबसे अधिक उम्र के अरबपति भी हैं। मित्तल ने अपनी शुरूआत में एलआईसी एजेंट का भी काम किया है। इसके बाद 65 की उम्र में उन्होंने सोनालिका ट्रैक्टर की शुरूआत की। इसके बाद वे डिप्टी जोनल मैनेजर बन गए और 1990 में सेवानिवृत हो गए। इसके बाद उन्होंने सोनालिका ट्रैक्टर को शुरू किया और आज उनकी सफलता हर गांव घर तक पहुंच रही है। फिलहाल वे 95 साल के हैं और अपने कारोबार को संभाल रहे हैं।
कृषि उपकरणों से ही जुड़े रहे
मूल रूप से पंजाब के होशियारपुर निवासी मित्तल ने भारत जैसे देश में कृषि क्षेत्र की अपार संभावनाओं को पहचान कर अपने व्यवसाय को शुरू किया। जब वे 40 साल के थे, तभी सोनालिका ग्रुप की स्थापना कर दी थी। हालांकि यह शुरूआत थी, थ्रेसर से। मित्तल ने 1970 में यह व्यवसाय शुरू किया और 1 साल में ही उनका कारोबार विफल हो गया।
यहां तक कहा जाता है कि इस दौरान उनकी कुल संपत्ति महज 1 लाख रुपये रह गई थी। इससे उन्होंने हार नहीं मानी। उल्टा अपने कारोबार को नई बुलंदियों तक ले जाने की जिद्द जारी रखी। नौकरी से सेवानिवृति के बाद 1996 में मित्तल ने 65 साल की उम्र में सोनालिका ट्रैक्टर्स की कंपनी शुरू कर दी। आज यह कंपनी देश अपने क्षेत्र में देश की अग्रणी है।
दुनिया के कई देशों में बजता है सोनालिका ट्रैक्टर का डंका
सोनालिका ट्रैक्टर सिर्फ भारत ही नहीं, विश्व भर में अपने उत्पादों का डंका बजा रही है। यह ग्रुप बहुत बड़ा है इसके पीछे खड़ी लक्ष्मण दास मित्तल की मेहनत। क्योंकि भारत के साथ विश्व के 5 देशों में सोनालिका ट्रैक्टर का निर्माण होता है। वहीं 150 से अधिक देशों में ट्रैक्टर का व्यवसाय फैला हुआ है। Forbes मैगजिन के अनुसार मित्तल की नेटवर्थ करीब 5.4 बिलियन डॉलर है। मित्तल वर्तमान में देश के 82वें सबसे धनी व्यक्ति हैं ।
मारुति की डीलरशिप नहीं मिली
हालांकि मित्तल के जीवन में असफलताओं की कमी नहीं रही, लेकिन उनकी मेहनत आखिरकार सफलता लेकर आई। मित्तल के अनुसार उन्होंने एक बार मारुति उद्योग की डीलरशिप के लिए आवेदन किया। यह आवेदन कंपनी द्वारा अस्वीकार कर दिया गया। आज मित्तल खुद डिलरशिप देते हैं। उनके ब्रांड के नाम को किसी परिचय की जरूरत नहीं है।










