Delhi Drinking Water Billing : दिल्ली में बदल जाएगा पेयजल बिल का सिस्टम
जियो टैगिंग से जारी होगा यूनिक नंबर, बिल मिलने में नहीं होगी दिक्कत
Delhi Drinking Water Billing : दिल्ली में पेयजल का बिल उपभोक्ताओं तक सही प्रकार से पहुंचाने के लिए सरकार द्वारा विशेष कदम उठाए जा रहे हैं। इसके तहत दिल्ली जल बोर्ड (djb) द्वारा व्यवस्था की जा रही है। ताकि हर उपभोक्ता तक सही प्रकार से बिल पहुंच सके और इसका भुगतान समय पर सुनिश्चित हो सके। इसके लिए djb द्वारा सभी कनेक्शन को जिया टैगिंग से जोड़ा जाएगा। दिल्ली जल बोर्ड के अधिकारियों का मानना है कि इससे दिल्ली में पेयजल की आपूर्ति के साथ बिलिंग व्यवस्था को भी सुधारा जा सकेगा।
दरअसल दिल्ली में फिलहाल 29 लाख से अधिक पेयजल कनेक्शन हैं। अब नई व्यवस्था के तहत उन सभी संपत्तियों को जियो-टैग किया जाएगा, जहां पानी के कनेक्शन हैं। जियो टैगिंग से इन संपत्ति या परिसर को एक विशिष्ट ग्राहक परिसर पहचान संख्या (CPR) भी जारी किया जाएगा। इससे दिल्ली जल बोर्ड अपनी बिलिंग प्रक्रिया को सुधारेगा। अधिकारियों का मानना है कि 29 लाख उपभोक्ताओं में से 40 प्रतिशत को ही सही प्रकार से पेयजल के बिल पहुंच रहे हैं।
बिलिंग में आ रही दिक्कत
दिल्ली जल बोर्ड के अधिकारियों का कहना है कि वर्तमान में बिलिंग प्रक्रिया पुराने तरीकों से मैन्युअल हो रही है। इससे फील्ड में ऑपरेशन का प्रदर्शन खराब रहता है। इसके कारण बिलिंग में सटीकता नहीं हो पाती है और इस प्रकार की समस्याएं आ रही हैं। अब नई व्यवस्था इन सभी समस्याओं का समाधान करने के लिए लाई जा रही है। इससे बोर्ड की कार्यप्रणाली भी सुधरेगी। क्योंकि इसके लिए विशेष विशेषज्ञ की नियुक्ति होगी।
आधुनिक तकनीक होगी शामिल
दिल्ली जल बोर्ड में अब बिलिंग के लिए आधुनिक तकनीक को शामिल किया जा रहा है। इसके तहत बिलों का वितरण किया जाएगा।साथ ही जिस मीटर से बिल बनता है, वह मौके पर ही उपभोक्ता काे दिया जा सकेगा। इसके अलावा बिलिंग पर निगरानी के लिए काॅल सेंटर की भी व्यवस्था होगी। क्योंकि वर्तमान में काम कर रही व्यवस्था के तहत मीटर के आधार पर बिल तो तैयार हो रहे हैं, लेकिन समय पर और सटीक बिलिंग नहीं हो पा रही है। इसको लेकर उपभोक्ताओं की भी शिकायतें रहती हैं।
कंपनी को दिया जा सकता है काम
हालांकि इस पूरी प्रक्रिया के लिए दिल्ली जल बोर्ड किसी कंपनी को काम देने की योजना बना रहा है। इसके लिए कंपनी की तलाश भी की जा रही है। ताकि सभी उपभोक्ताओं की सही प्रकार से जियो टैगिंग की जा सके। इससे वर्तमान में काम कर रहे सभी पेयजल कनेक्शन के मीटर नंबर का ग्राहक परिसर पहचान संख्या बनाई जाएगी।
हट जाएंगे गलत पते
इसपूरी प्रक्रिया से दिल्ली जल बोर्ड ऐसे परिसर या संपत्तियों का भी पता चल जाएगा, जो रिकार्ड में गलत चढ़े हुए हैं। साथ ही बोर्ड की बिलिंग व्यवस्था भी पहले से अधिक मजबूत होगी। जो भी परिसर ऐसे मिलेंगे, जिनका पता सही नहीं दर्ज है, उनको हटाया जा सकेगा। इसके साथ ही यह भी सुनिश्चित होगा कि कहां पर कितने पेयजल का प्रयोग हो रहा है। इसके अलावा अवैध कनेकशनों को भी हटाया जा सकेगा। साथ ही बोर्ड की आमदनी भी अधिक होगी। हालांकि दिल्ली जल बोर्ड पेयजल बिल के आनलाइन भुगतान का भी विकल्प देता है। इसके लिए बोर्ड की वैबसाइट https://delhijalboard.delhi.gov.in/ पर जाकर भुगतान किया जा सकता है।










