pm surya ghar yojana : पीएम सूर्य घर : 7.7 लाख से अधिक घरों को मिला शून्य बिजली बिल का लाभ
सरकार ने दी 13926 करोड़ रुपये की सब्सिडी सहायता
pm surya ghar yojana : भारत सरकार ने फरवरी 2024 में प्रधानमंत्री सूर्य घर निशुल्क बिजली योजना (पीएमएसजी एमबीवाई) शुरू की, जिसका लक्ष्य 75,021 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ वित्त वर्ष 2026-27 तक आवासीय क्षेत्र में एक करोड़ घरों में रूफटाप सोलर (आरटीएस) इंस्टालेशन अर्जित करना है।
इस साल 09 दिसंबर तक तक देश भर में कुल 1945758 आरटीएस सिस्टम संस्थापित किए जा चुके हैं। इसको लेकर सरकार द्वारा राज्यसभा में लिखित बयान जारी किया गया। इसमें बताया गया कि 2435196 परिवारों को लाभ मिला है। आरटीएस सिस्टम संस्थापित होने के बाद शून्य बिजली बिल प्राप्त करने वाले लाभार्थियों, आवासीय उपभोक्ताओं को वितरित सब्सिडी और योजना के तहत स्वीकृत बिना गारंटी वाले ऋणों का राज्य व केंद्र शासित प्रदेशवार विवरण परिशिष्ट में दिया गया है।
लाभार्थियों के लिए आरटीएस प्रणालियों की आर्थिक लाभप्रदता और लागत-प्रभावशीलता सुनिश्चित करने के लिए, केंद्रीय वित्तीय सहायता के अतिरिक्त, आरटीएस प्रणालियों की स्थापना के लिए 5.75 प्रतिशत (रेपो दर प्लस 0.50 बीपीएस) की ब्याज दर पर बिना गारंटी के ऋण उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त, ग्रामीण परिवारों या आर्थिक रूप से निर्बल वर्गों के लिए पीएमएसजी: एमबीवाई के अंगीकरण को बढ़ावा देने के लिए, मंत्रालय ने यूटिलिटी लेड एग्रीगेशन (यूएलए)-आरईएससीओ मॉडल के तहत आरटीएस सिस्टम की संस्थापना के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं।
pm surya ghar yojana : 19.45 लाख से अधिक रूफटाप सोलर सिस्टम
सरकार ने संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान बताया कि 9 दिसंबर 2025 तक देशभर में 19.45 लाख से अधिक रूफटाप सोलर सिस्टम लगाए जा चुके हैं। यह योजना फरवरी 2024 में शुरू की थी। इसका लक्ष्य 2026-27 तक एक करोड़ घरों में सोलर रूफटाप सिस्टम लगाना है। इसके लिए कुल 75,021 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। साथ ही सरकार द्वारा संसद में सौर ऊर्जा, किसान सशक्तिकरण और ग्रीन हाइड्रोजन मिशन की प्रगति का विस्तृत ब्यौरा भी पेश किया। अब तक देश के 7.71 लाख घरों का बिजली बिल पूरी तरह शून्य किया जा चुका है। यह लाभ ऐसे 24.35 लाख परिवारों में से है, जिनको योजना के तहत सोलर रूफटाप सिस्टम का लाभ दिया गया है।

pm surya ghar yojana : ऊर्जादाता बने किसान
वहीं सरकार द्वारा शुरू की गई पीएम-कुसुम योजना के तहत 20 लाख से अधिक किसान लाभ ले चुके हैं। इस योजना के माध्यम से किसान अन्नदाता के साथ-साथ ऊर्जादाता भी बन रहे हैं। इसके तहत किसान अपनी जमीन पर सोलर प्लांट लगाकर या जमीन लीज पर देकर प्रति हेक्टेयर हर साल 80000 रुपये तक की कमाई कर सकते हैं। चालू सोलर प्लांट्स से औसतन 4.5 लाख रुपये प्रति मेगावाट प्रति महीना की आमदनी हो रही है। दूसरी ओर खेत की सिंचाई के लिए भी साेलर पंप लगाए जा रहे हैं। इससे किसानों की फसल पर लागत कम हो रही है और बचत बढ़ रही है।
pm surya ghar yojana : ग्रीन हाइड्रोजन मिशन हो रहा मजबूत
सरकार ने बताया है कि राष्ट्रीय ग्रीन हाइड्रोजन मिशन के तहत सरकार ने बताया कि इलेक्ट्रोलाइज़र मैन्युफैक्चरिंग के लिए काफी महत्वपूर्ण कार्य किया है। इसके तहत अब तक 15 कंपनियों को 3000 मेगावाट वार्षिक क्षमता आवंटित की जा चुकी है। इस पर 4440 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि भी दी गई है। ग्रीन हाइड्रोजन उत्पादन के लिए 18 कंपनियों को 8.62 लाख टन वार्षिक क्षमता सौंपी गई है। इसके अलावा, जोधपुर, पुणे, भुवनेश्वर और केरल में चार हाइड्रोजन वैली इनोवेशन क्लस्टर को सरकार द्वाारा स्वीकृति दी गई है।










