22 May Weather : भीषण गर्मी के बीच राहत की खबर, अब बदलेगा मौसम, हरियाणा में बारिश
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय मौसम विभाग ने जारी किया पूर्वानुमान, पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता दिलाएगी झुलसती गर्मी से राहत
22 May Weather : हरियाणा सहित देश के विभिन्न क्षेत्रों में पिछले कई दिन से भीषण गर्मी पड़ रही है। ऐसे में हिसार स्थित चौधरी चारण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विभाग ने राहत वाली खबर दी है। विभाग का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के कारण भीषण गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है। क्योंकि हरियाणा में बारिश होने की संभावना है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 22 मई से मौसम में परिवर्तन की संभावना है। इस दौरान हरियाणा के कई हिस्सों में बारिश हो सकती है। गौरतलब है कि हरियाणा में सिरसा का तापमान 46 डिग्री तक पहुंच चुका है। वहीं देश के कई शहर दुनिया के सबसे गर्म क्षेत्रों में अपनी जगह बना चुके हैं। ऐसे में बारिश की खबर लोगों को राहत देने वाली है।
कब बदलेगा मौसम
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय में मौसम विभाग के अध्यक्ष डा. एमएल खीचड़ के अनुसार एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से मौस में परिवर्तन आ रहा है। हालांकि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने पहले ही गर्मी के लिए लू का अलर्ट जारी किया हुआ है। ऐसे में पश्चिमी विक्षोभ लोगों को गर्मी से कुछ राहत दिलवा सकता है। ऐसे में 22 मई से परिवर्तन शुरू होगा और इसका प्रभाव 23 मई तक रहने की संभावना है। ऐसे में तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है।
मानसून की बारिश के लिए भी करना होगा लंबा इंतजार
हालांकि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से कुछ राहत मिल सकती है, लेकिन पूरा देश भीषण गर्मी और लू की चपेट में है। ऐसे में लोगों को मानसून का इंतजार है, लेकिन इस बार हरियाणा में मानसून की बारिश के लिए कुछ इंतजार करना होगा। क्योंकि मौसम विभाग का अनुमान है कि हरियाणा और एनसीआर में मानसून का प्रवेश जून महीने के अंतिम या जुलाई के पहले सप्ताह में हो सकता है।
देश में मानसून की स्थिति
हालांकि इस बार देश में मानसून देरी आ रहा है। क्योंकि पिछले साल यानी 2025 की बात की जाए तो 24 मई को मानसून केरल पहुंच गया था। जबकि हरियाणा में मानसून की दस्तक 18 जून के आसपास रही। वहीं इस बार केरल में 26 मई को मानसून पहुंचने की उम्मीद है। इसके लिए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने पूर्वानुमान दिया है। इसके बाद 10 जून तक मानसून मुंबई पहुंचेगा और 20 जून तक मध्यप्रदेश और गुजरात तक पहुंच जाएगा। इसके बाद 3 जुलाई तक हरियाणा और एनसीआर में आ सकता है।
गर्मी से बचाव के लिए करें उपाय
हालांकि पश्चिमी विक्षोभ से कुछ राहत मिल सकती है, लेकिन आने वाले दिनों में फिर से भीषण गर्मी की स्थिति रहेगी। ऐसे में जींद नागरिक अस्पताल के डिप्टी एमएस डा. राजेश भोला का कहना है कि हीटवेव की स्थिति में स्वयं को बचाना बहुत ही जरूरी है। इसके लिए सुनिश्चित करें कि बिना काम दोपहर में बाहर नहीं निकलें।
बच्चों को बाहर नहीं खेलने दें। शाम के समय खेलने के लिए बच्चे बाहर जाएं। दिन में बार-बार सामान्य मटके का पानी पीएं। बाहर से आने पर एकदम ठंडा पानी या कोई भी फ्रीज की वस्तु नहीं खाएं। बाहर निकलते समय हमेशा अपने सिर को ढक कर रखें।
धान की सीधी बिजाई हो रही प्रभावित
अधिक तापमान के कारण धान की सीधी बिजाई भी प्रभावित हो रही है। कृषि विशेषज्ञ डा. मोहन लाल के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ से तापमान में अंतर तो आएगा, लेकिन यह बहुत ही कम और अल्प समय के लिए होगा। ऐसे में अभी किसान इंतजार करें। क्योंकि धान की सीधी बिजाई का कार्य 20 मई से हो जाता है, लेकिन इस बार मौसम प्रतिकूल बना हुआ है। वहीं जिन किसानों में मूंग या उड़द की बिजाई की है, वे सिंचाई कर लें। कपास की फसल में लगातार निराई गोड़ाई रखें। इससे नमी बनी रहती है।










