SMILE Yojana : हरियाणा के इस शहर में सड़कों पर नहीं दिखेंगे भिखारी, 2 माह में सर्वे होगा शुरू, पुनर्वास होगा
हरियाणा डायरी, पानीपत।
SMILE Yojana : हरियाणा के पानीपत शहर में भिक्षावृत्ति को समाप्त करने की दिशा में प्रशासन ने बड़ी पहल शुरू कर दी है। केंद्र सरकार की ‘स्माइल (SMILE) योजना’ में पानीपत शहर को शामिल किया गया है, जिसके अंतर्गत शहर में भीख मांगने वाले लोगों की पहचान कर उनका पुनर्वास किया जाएगा। इस योजना का उद्देश्य भिक्षावृत्ति में शामिल बच्चों, महिलाओं और पुरुषों को मुख्यधारा से जोड़कर उन्हें सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराना है।
पानीपत नगर निगम द्वारा इस संबंध में केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय को रिपोर्ट भेजी गई है। रिपोर्ट में बताया गया है कि पानीपत में विभिन्न राज्यों से आए कई लोग भीख मांगकर जीवनयापन कर रहे हैं। इनमें बच्चों को गोद में लेकर भीख मांगने वाली महिलाएं, धार्मिक स्थलों और सार्वजनिक स्थानों पर भीख मांगने वाले पुरुष तथा आर्थिक रूप से कमजोर परिवार शामिल हैं।
SMILE Yojana : भिक्षावृति से निकाल शिक्षा से जोड़ा जाएगा
स्माइल योजना के तहत आगामी 2 महीने के भीतर शहर में व्यापक सर्वेक्षण शुरू किया जाएगा। सर्वे के दौरान भिक्षावृत्ति में शामिल प्रत्येक व्यक्ति का फोटो, विवरण और अन्य आवश्यक जानकारी एकत्र कर विशेष मोबाइल एप पर अपलोड की जाएगी। इसके बाद उनकी स्थिति के अनुसार पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू होगी।
प्रशासन का कहना है कि योजना के तहत बच्चों को भिक्षावृत्ति से बाहर निकालकर शिक्षा से जोड़ा जाएगा। उन्हें स्कूलों में दाखिला दिलाने के साथ-साथ जरूरत पड़ने पर बाल देखभाल संस्थानों में भी रखा जाएगा। वहीं महिलाओं को कौशल विकास प्रशिक्षण देकर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।
पुरुष भिक्षुकों को भी विभिन्न व्यावसायिक प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जोड़कर रोजगार योग्य बनाया जाएगा। इसके लिए सिलाई, इलेक्ट्रिशियन, प्लंबिंग, लॉजिस्टिक्स और अन्य तकनीकी क्षेत्रों में प्रशिक्षण देने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें।
SMILE Yojana : महिला, पुरुषों के लिए आश्रय स्थल किए जाएंगे विकसित
इसके अलावा योजना के तहत आश्रयहीन लोगों के लिए रहने की व्यवस्था भी की जाएगी। महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग आश्रय स्थल विकसित किए जाएंगे, जहां उन्हें आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पुनर्वास के साथ-साथ भिक्षावृत्ति को बढ़ावा देने वाले संगठित गिरोहों और बच्चों का इस्तेमाल कर भीख मंगवाने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम और पुलिस प्रशासन संयुक्त रूप से अभियान चलाकर ऐसे मामलों की निगरानी करेंगे और कानून के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे।










